बसपा नेता वीरेंद्र सिंह न्यांगली की 11वीं पुण्यतिथि पर 6 फरवरी को आयोजित स्मृति सभा में.....

राजगढ़ सादुलपुर में बसपा नेता वीरेंद्र सिंह न्यांगली की 11वीं पुण्यतिथि पर 6 फरवरी को आयोजित स्मृति सभा में उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। 

शीतला बाजार में सम्पन्न हुई श्रद्धांजलि सभा में जहां बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर श्रद्धा सुमन अर्पित किए, वहीं हर बार की तरह आयोजित रक्तदान शिविर में 330 यूनिट रक्तदान किया गया।
इस अवसर पर पर आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि बसपा के राजस्थान प्रदेशाध्यक्ष सुमरत सिंह जाटव ने कांग्रेस और भाजपा को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि दोनों ही दलों की नीतियां कमोबेश एक जैसी है। पीड़ित व शोषित वर्ग के लिए दोनों ही दलों के पास कोई ठोस कल्याणकारी नीतियां नहीं है....

केन्द्र की भाजपा सरकार को पूंजीवादियों की सरकार बताते हुए जाटव ने कहा कि दुर्भाग्य की स्थिति यह है कि एलआईसी और बीपीसीएल जैसी लाभ देने वाली कंपनियों को भी प्रधानमंत्री मोदी बेचने जा रहे हैं। इससे बेरोजगारी और बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि सरकारी उपक्रमों को बेचना हर दृष्टि से गलत होगा।

निवर्तमान विधायक मनोज न्यांगली ने कहा कि 6 फरवरी का दिन हम सभी के लिए दु:खद और काला दिन है। इसी दिन अग्रज वीरेंद्र सिंह न्यांगली ने इस क्षेत्र में राजनीतिक चेतना जागृति के लिए संघर्ष करते हुए अपने प्राण गंवाए थे। न्यांगली ने वर्तमान विधायक के कार्यकलापों की आलोचना करते हुए कहा कि सिर्फ थोथी बातें व घोषणाएं की जा रही है। जबकि धरातल पर कुछ नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि ट्रॉमा सेंटर तथा अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम बनाए जाने की बात की जा रही है, जबकि राजकीय रेफरल अस्पताल मात्र 2 चिकित्सकों के भरोसे चल रहा है और उसकी दशा दयनीय बनी हुई है। उन्होंने राजकीय रेफरल अस्पताल के दानदाता श्रेष्ठी जनों द्वारा दी गई भूमि को स्टेडियम के लिए दिए जाने की भी आलोचना करते हुए कहा कि इस प्रयास को कभी सफल नहीं होने दिया जाएगा। यह भूमि जन स्वास्थ्य के लिए प्रदान की हुई है और उसी के लिए रखी जानी चाहिए। राजगढ़ के वर्तमान थानाधिकारी के तबादले के प्रयासों की भी निंदा करते हुए न्यांगली ने कहा कि स्थानीय कांग्रेसी नेताओं की गलत बातों को नहीं माने जाने के कारण थानाधिकारी विष्णुदत्त विश्नोई उनकी आंखों में खटक रहे हैं।
खाद्य पदार्थ व्यापार समिति के अध्यक्ष राधेश्याम डोकवे वाला की अध्यक्षता में हुई सभा को पूर्व चेयरमैन नंदकिशोर मरोदिया, पार्षद महावीर सिंह बिका व राहुल पारीक, बसपा के प्रदेश महासचिव अमरसिंह बंशीवाल, प्रदेश सचिव देईराम मेघवाल, जिला अध्यक्ष नरसिंह मिठड़ी, एडवोकेट हरदीप सुंदरियां, सूरजभान नायक आदि ने भी संबोधित किया। संचालन देईराम मेघवाल व राजेंद्र पटीर ने संयुक्त रूप से किया।
हर बार की तरह इस बार भी विशाल रक्तदान शिविर भी लगाया गया। मगर रक्त संग्रहण के लिए इस बार भी तीन स्थानों के निजी ब्लड बैंक को बुलाया गया था, जिसकी जनता में यह बात भी चर्चा में रही। प्रबुद्ध जनों का यह मानना है रहा कि रक्त संग्रहण के लिए जयपुर के एसएमएस तथा बीकानेर के पीबीएम अस्पताल की टीमों को बुलाया जाना चाहिए। सरकारी अस्पतालों के ब्लड बैंक में संग्रहित रक्त का अपेक्षाकृत सही उपयोग होता है।

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